महाशिवरात्रि के दिन पूजन करने का सबसे श्रेष्ट मुहूर्त, जाने चारों पहर पूजा करने का शुभ समय,,

इस बार 8 मार्च 2024 को शिव भगवान का महाशिवरात्रि पर्व मनाया जा रहा है, इस पर्व में भोलेनाथ की विशेष पूजा अर्चना की जाती है, ताकि लोगों की सभी मनोकामनाएं पूर्ण हो सके। आज हम आपको इस शिवरात्रि पर पूजन करने का समय और पूजन विधि के बारे में बताने जा रहे हैं।

मोसम विभाग ने किया अभी-अभी येलो अलर्ट जारी, प्रदेश के इन जिलों में होगा बारिश का दौर शुरू

महाशिवरात्रि पर्व 8 मार्च 2024

महाशिवरात्रि का पर्व माता पार्वती के मिलन का पर्व माना जाता है। इस दिन विशेष पूजा अर्चना करने से भोलेनाथ की विशेष कृपा भक्तों पर बनी रहती है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इस दिन भगवान शिव ने कैलाश पर्वत पर माता पार्वती से विवाह किया था।

बड़ी खबर: राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा हुए कोरोना पॉजिटिव, ‘एक्स’ पर लिखा- मैं आइसोलेशन में हूं

इस दिन रात्रि जागरण का महत्व

बता दे की, महाशिवरात्रि व्रत में रात्रि जागरण का भी विशेष महत्व माना गया है। इस व्रत में रात को सोना नहीं चाहिए और भगवान के भजन कीर्तन करने चाहिए। भोलेनाथ की घर पर यह मंदिर में जाकर पूजा अर्चना करना चाहिए। पूजन के लिए आप चंदन से तिलक कर सकते हैं और शमी के पत्ते बेलपत्र और धतूरा में शिव जी को अर्पित कर सकते हैं। इसके साथ ही आप शिवजी को जल भी चढ़ा सकते हैं।

व्रत करने के दोरान काले रंग के कपड़ों की जगह आप लाल हरा पीला पहन सकते हैं। इसके साथ ही पूरे तन मन से भगवान शिव की पूजा अर्चना करें, ताकि आपको सभी मनोकामनाएं पूर्ण हो सके।

सरकार दे रही है विद्यार्थियों को फ्री लैपटॉप, इस तरह से करे फ्री लैपटॉप योजना में आवेदन, देखे पूरी जानकारी

पूजन करने का सबसे श्रेष्ट मुहूर्त

महाशिवरात्रि का पूजन निशिता काल में ही किया जाता है। प्रथम पहर पूजन समय- 8 मार्च को शाम 6 बजकर 25 मिनट से शुरू होगा और समापन रात 9 बजकर 28 मिनट को होगा। दूसरे प्रहर में पूजा का समय रात 09:28 बजेसे 9 मार्चमध्य रात्रि के 12:31 बजे तक होगा, उसके बाद  तीसरे प्रहर में पूजा का समय 9 मार्चमध्य रात्रि 12:31 बजेसेप्रात: 03:34 बजे तक होगा। इसके बाद चतुर्थ प्रहर पूजा समय 9 मार्चको ही प्रात: 03.34 बजे से सुबह 06:37 बजे तक रहें वाला है, इस समय आप पूजा कर सकते है।

अब घर बेठे PhonePe से मिल रहा 50 हजार से 5 लाख तक का लोन, इस तरह से करे आवेदन, देखे

महाशिवरात्रि का सबसे अच्छा मुहूर्त

8 मार्च को सुबह 10 बजकर 41 मिनट तक श्रवण नक्षत्र रहेगा, उसके बाद धनिष्ठा नक्षत्र का प्रभाव रहेगा। ऐसे में संध्याकालिन पूजा उनके लिए चतुर्दशी तिथि में रात 9 बजकर 58 मिनट से शिवजी का पूजन अभिषेक करना सबसे अच्छा माना गया है। दिन के समय में यदि सुबह 6 बजकर 38 मिनट से लेकर 11 बजकर 3 मिनट तक का समय शुभ रहेगा। इसके बाद दोपहर में 12 बजकर 32 मिनट से 2 बजे तक का समय पूजा के लिए अच्छा है। प्रदोष काल में 4 बजकर 57 मिनट से 6 बजकर 25 मिनट तक का समय पूजा के लिए उत्तम रहेगा।

Some Error